राजस्थान की राजधानी जयपुर में अब आम लोगों के साथ-साथ वीआईपी अधिकारी भी सुरक्षित नहीं हैं। मुख्य सचिव और पुलिस महानिदेशक के सरकारी आवासों के पास ही एलपीजी गैस गोदाम बने हुए हैं, जो किसी भी समय बड़े हादसे का कारण बन सकते हैं। हाल ही में एलपीजी सिलेंडरों में लगी आग और धमाकों के मामलों ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। जयपुर के कई रिहायशी इलाकों, स्कूलों और अस्पतालों के पास ऐसे गैस गोदाम बनाए गए हैं, जहां एक साथ 500 से 2000 सिलेंडर रखे जाते हैं। यह स्थिति न केवल स्थानीय लोगों बल्कि सरकारी अधिकारियों और बच्चों के लिए भी खतरा बनी हुई है। शहर में की गई जांच में सामने आया कि कई प्रतिबंधित क्षेत्रों में भी खुलेआम गैस सिलेंडरों की भराई और सप्लाई का काम हो रहा है। निवारू रोड जैसे इलाकों में तो गैस के साथ थिनर के गोदाम भी बने हैं, जो आग लगने की स्थिति में गंभीर विस्फोट का कारण बन सकते हैं। स्थानीय निवासी लगातार इस भय में जी रहे हैं कि कभी भी अनहोनी हो सकती है। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि ऐसे गोदामों को आबादी से दूर स्थानांतरित किया जाए ताकि संभावित हादसों से जान-माल की रक्षा हो सके।
Published: November 1, 2025
Related News
- राजस्थान- मार्च में ही हीटवेव का अलर्ट,पारा 40 के करीब:दिन में झुलसाने वाली धूप, रात ठंडी; जानें- अचानक इतनी गर्मी क्यों बढ़ी
- पोस्टपोन हुई यश की Toxic, रणवीर सिंह की Dhurandhar 2 के साथ नहीं होगी रिलीज; क्यों लिया गया ये फैसला?
- न्यूजीलैंड ने साउथ अफ्रीका को हराकर फाइनल में बनाई जगह, एलन ने जड़ा शतक
Source: Meta News Channel
More Top News
- राजस्थान- मार्च में ही हीटवेव का अलर्ट,पारा 40 के करीब:दिन में झुलसाने वाली धूप, रात ठंडी; जानें- अचानक इतनी गर्मी क्यों बढ़ी
- पोस्टपोन हुई यश की Toxic, रणवीर सिंह की Dhurandhar 2 के साथ नहीं होगी रिलीज; क्यों लिया गया ये फैसला?
- न्यूजीलैंड ने साउथ अफ्रीका को हराकर फाइनल में बनाई जगह, एलन ने जड़ा शतक
- SMS हॉस्पिटल में लोकल स्तर पर दवा खरीद का खेल:स्टॉक में दवाइयां होने के बावजूद मरीजों को खाली हाथ लौटाया जा रहा














